Table of Contents
किसान भाइयों, भारत में प्याज एक ऐसी फसल है जिसकी मांग साल भर बनी रहती है। अक्सर हम रबी यानी सर्दियों में तो प्याज लगाते ही हैं, लेकिन बरसात के मौसम (खरीफ) में इसकी खेती करना थोड़ा चुनौतीपूर्ण हो सकता है। खरीफ सीजन में सबसे बड़ा सवाल यही आता है कि खरीफ सीजन के लिए प्याज की अच्छी किस्म कौन सी है? (Best Onion Varieties For Kharif Season)। अगर आपने सही किस्म का चुनाव नहीं किया, तो भारी बारिश और बीमारियों के कारण फसल बर्बाद हो सकती है।

खरीफ सीजन में प्याज की खेती करना फायदे का सौदा माना जाता है, लेकिन सही किस्म का चुनाव करना सबसे जरूरी होता है। अगर आप सोच रहे हैं कि खरीफ सीजन के लिए प्याज की अच्छी किस्म कौन सी है? तो यह लेख आपके लिए बेहद उपयोगी साबित होगा। सही किस्म चुनने से उत्पादन बढ़ता है, रोग कम लगते हैं और बाजार में बेहतर दाम भी मिलता है। आज हम Bihar Agro के माध्यम से आपको उन टॉप किस्मों के बारे में बताएंगे जो न केवल ज्यादा पैदावार देती हैं, बल्कि जिनमें रोगों से लड़ने की क्षमता भी अधिक होती है।
खरीफ सीजन के लिए प्याज की सबसे अच्छी किस्म (Best Onion Varieties for Kharif Season)
जब हम चर्चा करते हैं कि खरीफ सीजन के लिए प्याज की अच्छी किस्म कौन सी है? (best onion varieties for the Kharif season), तो हमें ऐसी किस्मों को देखना चाहिए जो कम समय में तैयार हों और जिनका रंग गहरा लाल हो।
यहाँ प्रमुख उन्नत किस्मों की जानकारी दी गई है:
- एग्रीफाउंड डार्क रेड (Agrifound Dark Red): नेशनल हॉर्टिकल्चर रिसर्च एंड डेवलपमेंट फाउंडेशन (NHRDF) के अनुसार, यह खरीफ के लिए सबसे लोकप्रिय किस्म है। इसका रंग गहरा लाल होता है और यह 95-110 दिनों में तैयार हो जाती है।
- एन-53 (N-53 / Niphad-53): महाराष्ट्र और उत्तर भारत के लिए यह बेहतरीन है। इसकी पैदावार 25-30 टन प्रति हेक्टेयर तक हो सकती है।
- बसवंत 780 (Baswant 780): यह किस्म मध्यम आकार के कंदों के लिए जानी जाती है और खरीफ में झुलसा रोग के प्रति सहनशील है।
- भीमा शुभ्रा (Bhima Shubhra): अगर आप सफेद प्याज उगाना चाहते हैं, तो यह खरीफ के लिए उपयुक्त है। ICAR-DOGR का कहना है कि यह किस्म महाराष्ट्र और कर्नाटक के लिए उत्तम है।
किस्मों की तुलनात्मक तालिका (Comparison Table of Varieties)
| किस्म का नाम | पकने की अवधि (दिन) | औसत पैदावार (क्विंटल/हेक्टेयर) | मुख्य विशेषता |
| एग्रीफाउंड डार्क रेड | 100-110 | 250-300 | गहरा लाल रंग, अच्छी भंडारण क्षमता |
| एन-53 (N-53) | 90-100 | 200-250 | जल्दी तैयार होने वाली |
| बसवंत 780 | 100-110 | 250-280 | रोगों के प्रति सहनशील |
| भीमा सुपर | 100-105 | 280-300 | बड़े कंद और आकर्षक रंग |
- ✅ 【Product】: Bajaj Frore EE 1200 mm Brown Ceiling Fan with 3 blades; Series: Frore
- ✅ 【Sweep Size】: 1200 mm; Colour: Brown; Power: 52 Watts; RPM: 390
- ✅ 【Energy Efficient With BEE 1-Star Rated】: Low Power Consumption fan designed to save on your electricity bill. Bajaj F…
निष्कर्ष (Conclusion)
किसान भाइयों, खरीफ सीजन के लिए प्याज की अच्छी किस्म कौन सी है? (best onion varieties for the Kharif season) इस सवाल का जवाब आपकी मिट्टी और क्षेत्र पर निर्भर करता है। एग्रीफाउंड डार्क रेड और एन-53 जैसी उन्नत किस्मों को अपनाकर आप बरसात में भी बंपर पैदावार और शानदार मुनाफा कमा सकते हैं।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)
खरीफ सीजन के लिए प्याज की अच्छी किस्म कौन सी है? (best onion varieties for the Kharif season)?
सबसे अच्छी किस्मों में एग्रीफाउंड डार्क रेड, एन-53 और बसवंत 780 शामिल हैं। ये अधिक नमी को सहन कर सकती हैं।
एक एकड़ में कितना प्याज का बीज लगता है?
सरकारी आंकड़ों के अनुसार, एक एकड़ के लिए करीब 3-4 किलो बीज पर्याप्त होता है।
खरीफ प्याज की खुदाई कब करनी चाहिए?
जब प्याज की पत्तियां पीली पड़कर गिरने लगें (करीब 100-110 दिन बाद), तब खुदाई करनी चाहिए।
क्या खरीफ प्याज को स्टोर किया जा सकता है?
रबी प्याज की तुलना में खरीफ प्याज की भंडारण क्षमता कम होती है, इसे 1-2 महीने से ज्यादा स्टोर नहीं करना चाहिए।
Haryana Bagwani Kheti Anudan Yojana 2026: किसानों के लिए 1.40 लाख तक का BIG फायदा, जानें पूरी सब्सिडी और आवेदन तरीका
हरियाणा के किसानों के लिए बागवानी में बड़ा मौका, 1.40 लाख तक अनुदान की नई तस्वीर सामने आईHaryana Bagwani Kheti…
बिहार में मखाना कारोबार को लगेगी नई उड़ान, 6 जिलों में प्रोसेसिंग यूनिट से किसानों के लिए खुलेंगे बेहतर दाम के रास्ते
Makhana Processing Units in Bihar से 6 जिलों में बदलेगा मखाना कारोबार का तरीकाचुने गए छह जिले कौन-कौन से हैं,…
गुजरात के कपास किसानों के लिए बड़ा अपडेट: 31 अक्टूबर तक Kapas Kisan Registration, MSP से लेकर ₹14,000 सहायता तक जानें पूरी बात
Gujarat Cotton Farmers Kapas Kisan Registration: 31 अक्टूबर से पहले क्यों जरूरी है?कपास का MSP सुनिए, इस बार ₹8,667 तक…
बिहार में 7 साल बाद फिर लौटेगी फसल बीमा योजना, 15 नवंबर से किसानों के लिए खुलेगा रास्ता
बिहार PM फसल बीमा योजना रिटर्न: 7 साल बाद बिहार में क्या बदलेगा?Bihar PM Fasal Bima Yojana Returns: 15 नवंबर…
कपास खेतों में बढ़ी कीटों की चिंता! गुलाबी सुंडी और सफेद मक्खी पर नजर, 7 Smart तरीके अपनाकर बचाएं फसल
Cotton Crop Pink Bollworm Whitefly Pest Alert: अभी खेत में क्या देखना है?हफ्ते में दो दिन खेत का चक्कर, यहीं…
महाराष्ट्र में सोयाबीन पर सूखे का सीधा वार, दाने नहीं भरे तो किसानों की पूरी लागत फंसने का डर
Maharashtra Soybean Crop Hit By Rainfall: खेत में फलियां हैं, लेकिन दानों की जगह बढ़ी चिंतादो एकड़ में ₹50 हजार…
- Split AC with Flexicool inverter Technology : Variable speed compressor which adjusts power depending on heat load | wit…
- Capacity: 1 ton. Suitable for small sized rooms (< = 110 square ft.); 580 CFM Air Flow & Ambient Temprature: 52 degree C...
- Manufacturer Warranty: Standard Warranty = 1 Year Standard + 5 years on PCB+10 Years Compressor (T&C Apply), Extended Wa…