Table of Contents
किसान भाइयों, अगर आप खरीफ मौसम में ऐसी प्याज की किस्म ढूंढ रहे हैं जो कम समय में ज्यादा उत्पादन दे, लंबे समय तक स्टोर हो सके और बाजार में अच्छी कीमत दिलाए, तो भीमा सुपर प्याज (Bhima Super Onion) आपके लिए बेहतरीन विकल्प साबित हो सकती है। अधिक जानकारी और खेती की नई तकनीकों के लिए आप Bihar Agro से जुड़े रहें।

भीमा सुपर प्याज (Bhima Super Onion) क्या है?
भीमा सुपर प्याज (Bhima Super Onion) की उन्नत किस्म भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद की संस्था ICAR-DOGR द्वारा विकसित की गई है। इसकी खास बात यह है कि यह खरीफ और लेट खरीफ दोनों मौसम में शानदार उत्पादन देती है। इसके कंद गहरे लाल रंग के, गोल आकार वाले और मजबूत होते हैं, जिससे बाजार में इसकी मांग काफी ज्यादा रहती है।
भीमा सुपर प्याज की मुख्य विशेषताएं (Bhima Super Onion Features)
भीमा सुपर (Bhima Super) लाल प्याज की एक बेहतरीन उन्नत किस्म है। इसे विशेष रूप से खरीफ और पछेती खरीफ मौसम के लिए विकसित किया गया है। यह फसल 100-110 दिनों में पककर तैयार हो जाती है। शानदार भंडारण क्षमता और 40-45 टन/हेक्टेयर तक की बंपर पैदावार इसे किसानों के लिए बेहद लाभकारी बनाती है।
| विशेषता | जानकारी |
|---|---|
| किस्म का प्रकार | खरीफ एवं लेट खरीफ |
| तैयार होने की अवधि | 100-120 दिन |
| कंद का रंग | गहरा लाल |
| आकार | गोल (Globe Shape) |
| स्वाद | मध्यम तीखा |
| रोग सहनशीलता | Purple Blotch और Thrips के प्रति सहनशील |
| भंडारण क्षमता | लंबी अवधि तक सुरक्षित |

क्यों तेजी से लोकप्रिय हो रही है भीमा सुपर प्याज?
आजकल किसान ऐसी प्याज की खेती करना चाहते हैं जिससे उन्हें ज्यादा उत्पादन और अच्छा मुनाफा मिले। भीमा सुपर प्याज इसी वजह से तेजी से लोकप्रिय हो रही है क्योंकि:
- कम समय में तैयार हो जाती है
- बाजार में अच्छी कीमत मिलती है
- लंबे समय तक खराब नहीं होती
- रोग कम लगते हैं
- आकार और रंग आकर्षक होता है
भीमा सुपर प्याज की रोपाई का सही समय (Best Transplanting Time)
| मौसम | रोपाई का समय |
|---|---|
| खरीफ | जून से जुलाई |
| लेट खरीफ | सितंबर से अक्टूबर |
सही समय पर रोपाई करने से कंद बड़े और स्वस्थ बनते हैं।
भीमा सुपर प्याज की पैदावार (Bhima Super Onion Yield)
अगर खेती वैज्ञानिक तरीके से की जाए तो किसान शानदार उत्पादन ले सकते हैं। यानी किसान लगभग 200 से 450 क्विंटल प्रति हेक्टेयर तक उत्पादन प्राप्त कर सकते हैं।
| मौसम | औसत उत्पादन |
|---|---|
| खरीफ | 20-22 टन प्रति हेक्टेयर |
| लेट खरीफ | 40-45 टन प्रति हेक्टेयर |
किन राज्यों में इसकी खेती ज्यादा होती है?
यह किस्म कई राज्यों में सफल मानी गई है:
- बिहार
- महाराष्ट्र
- गुजरात
- राजस्थान
- मध्य प्रदेश
- कर्नाटक
- तमिलनाडु
- ओडिशा
- पंजाब
- हरियाणा

निष्कर्ष (Conclusion)
भीमा सुपर प्याज (Bhima Super Onion) आज किसानों के लिए एक भरोसेमंद और ज्यादा मुनाफा देने वाली किस्म बन चुकी है। इसकी खासियत इसका शानदार उत्पादन, रोग सहनशीलता और लंबी भंडारण क्षमता है। अगर किसान सही समय पर रोपाई और उचित देखभाल करें तो यह किस्म कम लागत में बेहतर कमाई दिला सकती है।
FAQ (अक्सर पूछे जाने वाले सवाल)
भीमा सुपर प्याज कितने दिन में तैयार हो जाती है?
यह किस्म लगभग 100 से 120 दिनों में तैयार हो जाती है।
भीमा सुपर प्याज की पैदावार कितनी होती है?
यह 200 से 450 क्विंटल प्रति हेक्टेयर तक उत्पादन दे सकती है।
क्या भीमा सुपर प्याज भंडारण के लिए अच्छी है?
हाँ, इसकी Storage क्षमता काफी अच्छी मानी जाती है।
भीमा सुपर प्याज के लिए कितना बीज लगता है?
एक हेक्टेयर खेत के लिए लगभग 8-10 किलो बीज पर्याप्त होता है।
भीमा सुपर प्याज किस मौसम में लगाई जाती है?
यह खरीफ और लेट खरीफ दोनों मौसम में लगाई जाती है।
मॉनसून (Monsoon) का बदला रंग…. पहले था किसानों के लिए वरदान, अब बन रहा है किसानों के लिए बड़ी आफत!
भारत में मॉनसून (Monsoon) के दो प्रमुख रूपमॉनसून (Monsoon) कैसे बनता है?मॉनसून (Monsoon) को प्रभावित करने वाले प्रमुख कारणFAQs (अक्सर…
40 किस्म के आम और विदेशी फलों से जानिए किसान ने कैसे बदली अपनी किस्मत।
कैसे शुरू हुई आम और विदेशी फलों की खेती? (How Started Mango & Exotic Fruit Farming)40 किस्म के आम से…
शाही और चाइना लीची की खेती ने बदल दी किसान की जिंदगी, अब हो रही लाखों की कमाई। लीची की मांग हॉलैंड और ओमान तक पहुंच गई।
कम खर्च में शानदार कमाईकितने एकड़ में फैली है लीची की बागवानी?हॉलैंड और ओमान तक पहुंच रही कुअमा की लीचीFAQ…
‘पशुपालकों के लिए किसी खजाने से कम नहीं ये हरा चारा’, एक बार खेती करें और करीब 5 साल तक लगातार लें फायदा — बस इन जरूरी बातों का रखें खास ध्यान
नेपियर घास (Napier Grass) क्यों कहलाती है पशुओं का हरा सोनानेपियर घास से कैसे बढ़ता है दूध उत्पादनपशुपालकों के लिए…
अल-नीनो (El Nino) क्या है? जानिए मानसून और खेती पर इसका प्रभाव 7 बड़े असर!
अल-नीनो क्या है (What is El Nino) ?अल-नीनो कैसे बनता है? (How El Nino Forms)भारत में अल-नीनो का असर (Impact…
अल-नीनो (El Nino) से कमजोर पड़ सकता है मानसून, धान-मक्का समेत इन फसलों पर मंडरा रहा खतरा, किसान परेशान!
इन फसलों पर सबसे ज्यादा दिखेगा अल-नीनो (El Nino) का असरइन उपायों को अपनाकर किसान कम कर सकते हैं नुकसानमौसम…