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किसान भाइयों, अगर आप प्याज की खेती से ज्यादा मुनाफा कमाना चाहते हैं, तो प्याज की उन्नत किस्में (Improved Varieties of Onion) का चुनाव करना बेहद जरूरी है। सही किस्म का चयन न सिर्फ पैदावार बढ़ाता है बल्कि बाजार में बेहतर कीमत भी दिलाता है। अक्सर हमारे किसान भाई बाजार से कोई भी बीज ले आते हैं और बाद में पैदावार कम होने या रोगों की शिकायत करते हैं। आज के इस विशेष लेख में हम प्याज की उन्नत किस्में (Improved Varieties of Onion) के बारे में बात करेंगे ताकि आप अपने क्षेत्र और मौसम के हिसाब से सही चुनाव कर सकें। अधिक जानकारी और खेती की नई तकनीकों के लिए आप Bihar Agro पर भी नज़र रख सकते हैं।

प्याज की उन्नत किस्में क्यों जरूरी हैं? (Why Improved Varieties of Onion Are Important)
प्याज की उन्नत किस्में (Improved Varieties of Onion) किसानों के लिए इसलिए जरूरी हैं क्योंकि ये अधिक उत्पादन, बेहतर गुणवत्ता और रोग प्रतिरोधक क्षमता प्रदान करती हैं। National Horticulture Board का कहना है कि उन्नत किस्मों से 25-40% तक अधिक उत्पादन संभव है।
फायदे:
- ज्यादा उत्पादन
- कम रोग और कीट प्रकोप
- लंबे समय तक भंडारण
- बेहतर बाजार मूल्य
प्याज की खेती मुख्य रूप से तीन सीजन (खरीफ, पछेती खरीफ और रबी) में की जाती है। National Horticulture Board (NHB) के अनुसार, भारत में प्याज की उत्पादकता बढ़ाने के लिए जलवायु के आधार पर किस्मों का चयन करना अनिवार्य है। अगर हम सही प्याज की उन्नत किस्में (Improved Varieties of Onion) चुनते हैं, तो प्रति हेक्टेयर 300 से 500 क्विंटल तक पैदावार ली जा सकती है।
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1. खरीफ सीजन के लिए प्याज की उन्नत किस्में (Improved Varieties of Onion for Kharif Season)
खरीफ यानी बरसात के मौसम में प्याज उगाना थोड़ा चुनौतीपूर्ण होता है, लेकिन इस समय दाम अच्छे मिलते हैं। ICAR-Directorate of Onion and Garlic Research (DOGR) का कहना है कि खरीफ के लिए ऐसी किस्मों का चुनाव करना चाहिए जो अधिक वर्षा और नमी को सहन कर सकें।
- एग्रीफाउंड डार्क रेड (Agrifound Dark Red): यह खरीफ की सबसे लोकप्रिय किस्म है। इसके कंद गहरे लाल और गोल होते हैं। यह बुवाई के 100-110 दिन बाद तैयार हो जाती है।
- एन-53 (N-53): यह किस्म पूरे भारत में उगाई जाती है। इसकी पैदावार 250-300 क्विंटल प्रति हेक्टेयर तक होती है।
- भीमा सुपर (Bhima Super): खरीफ सीजन के लिए यह एक बेहतरीन विकल्प है।
2. रबी सीजन की टॉप प्याज की उन्नत किस्में (Top Improved Varieties of Onion for Rabi Season)
रबी यानी सर्दियों के मौसम में प्याज की सबसे ज्यादा खेती होती है। इस समय उत्पादित प्याज को लंबे समय तक स्टोर किया जा सकता है। National Horticulture Board (NHB) की वेबसाइट के मुताबिक, रबी सीजन में कंदों का आकार और भंडारण क्षमता (Storage Capacity) सबसे महत्वपूर्ण होती है।
- एग्रीफाउंड लाइट रेड (Agrifound Light Red): यह रबी की मुख्य किस्म है। इसकी भंडारण क्षमता बहुत अच्छी होती है और कंद हल्के लाल होते हैं।
- भीमा शक्ति (Bhima Shakti): यह किस्म पछेती खरीफ और रबी दोनों के लिए उपयुक्त है। यह 130 दिनों में तैयार होती है।
- अर्का निकेतन (Arka Niketan): भारतीय बागवानी अनुसंधान संस्थान (IIHR) द्वारा विकसित यह किस्म अपनी उच्च पैदावार के लिए जानी जाती है।
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3. सफेद और पीली प्याज की उन्नत किस्में (Improved Varieties of White and Yellow Onion)
निर्यात (Export) और पाउडर बनाने के लिए सफेद प्याज की बहुत मांग रहती है। ICAR-DOGR के शोध बताते हैं कि सफेद प्याज में औषधीय गुण भी अधिक होते हैं।
| किस्म का नाम | रंग | तैयार होने का समय | पैदावार (क्विंटल/हे.) |
| भीमा शुभ्रा | सफेद | 110-115 दिन | 250-300 |
| एग्रीफाउंड व्हाइट | सफेद | 130-150 दिन | 200-250 |
| अर्का पीतांबर | पीला | 110-120 दिन | 300-350 |
इन प्याज की उन्नत किस्में (Improved Varieties of Onion) का उपयोग मुख्य रूप से प्रोसेसिंग यूनिट्स में किया जाता है। पीली प्याज का स्वाद तीखा कम होता है, इसलिए विदेशों में इसकी मांग ज्यादा है।

मौसम के अनुसार प्याज की उन्नत किस्में (Season-wise Improved Varieties of Onion)
प्याज की उन्नत किस्में (Improved Varieties of Onion) का चुनाव मौसम के अनुसार करना बहुत जरूरी है। National Horticulture Board का कहना है कि सही मौसम में सही किस्म लगाने से उत्पादन में 30% तक वृद्धि होती है।
खरीफ सीजन:
- नासिक रेड
- अर्का निकेतन
रबी सीजन:
- पूसा रेड
- अग्रिफाउंड लाइट रेड
जायद सीजन:
- पूसा व्हाइट
- अर्का कल्याण
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उन्नत किस्मों की विशेषताएं (Features of Improved Varieties of Onion)
National Horticulture Board के अनुसार उन्नत किस्मों में गुणवत्ता और शेल्फ लाइफ बेहतर होती है। प्याज की उन्नत किस्में (Improved Varieties of Onion) में कई खास गुण होते हैं:
- उच्च उत्पादन क्षमता
- रोग और कीटों के प्रति सहनशीलता
- लंबे समय तक स्टोरेज
- बेहतर आकार और रंग
नीचे कुछ प्रमुख प्याज की उन्नत किस्में (Improved Varieties of Onion) दी गई हैं:
| किस्म का नाम | अवधि (दिन) | उत्पादन (क्विंटल/हेक्टेयर) | विशेषताएं |
|---|---|---|---|
| नासिक रेड | 120-130 | 250-300 | लाल रंग, अच्छी क्वालिटी |
| अग्रिफाउंड लाइट रेड | 110-120 | 300-350 | जल्दी तैयार, ज्यादा उत्पादन |
| पूसा रेड | 125-140 | 250-300 | रोग प्रतिरोधी |
| पूसा व्हाइट | 100-110 | 200-250 | सफेद प्याज, प्रोसेसिंग के लिए अच्छा |
| अर्का कल्याण | 110-120 | 300+ | अधिक उपज, मजबूत पौधे |
NOTE: National Horticulture Board के अनुसार इन किस्मों का चयन क्षेत्र और मौसम के अनुसार करना चाहिए।

प्याज की पैदावार बढ़ाने के कुछ खास टिप्स (Tips to Increase Onion Yield)
सिर्फ प्याज की उन्नत किस्में (Improved Varieties of Onion) चुन लेना ही काफी नहीं है, बल्कि सही प्रबंधन भी जरूरी है। National Agricultural Cooperative Marketing Federation of India (NAFED) के विशेषज्ञों का सुझाव है कि प्याज की नर्सरी हमेशा ऊंचे बेड (Raised Beds) पर बनानी चाहिए।
- बीज उपचार: बुवाई से पहले बीज को कार्बेन्डाजिम से उपचारित जरूर करें।
- खाद और उर्वरक: मिट्टी की जांच के आधार पर ही एनपीके (NPK) का प्रयोग करें।
- सिंचाई: कंद बनते समय खेत में नमी का होना बहुत जरूरी है।
निष्कर्ष (Conclusion)
बेहतर कमाई के लिए प्याज की उन्नत किस्में (Improved Varieties of Onion) का चयन करना आपकी सफलता की पहली सीढ़ी है। यदि आप वैज्ञानिक तरीके अपनाते हैं और सरकारी संस्थानों द्वारा प्रमाणित बीजों का उपयोग करते हैं, तो प्याज की खेती घाटे का सौदा कभी नहीं होगी। खेती से जुड़ी ऐसी ही सटीक जानकारी के लिए Bihar Agro के साथ जुड़े रहें।
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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)
खरीफ सीजन के लिए सबसे अच्छी प्याज की किस्म कौन सी है?
National Horticulture Board के अनुसार, ‘एग्रीफाउंड डार्क रेड’ और ‘N-53’ खरीफ के लिए सबसे उत्तम किस्में हैं।
प्याज की खेती में एक एकड़ में कितना बीज लगता है?
आम तौर पर एक एकड़ के लिए 3 से 4 किलो बीज की आवश्यकता होती है, जो नर्सरी तैयार करने के लिए पर्याप्त है।
किस प्याज को लंबे समय तक स्टोर किया जा सकता है?
रबी सीजन की ‘एग्रीफाउंड लाइट रेड’ और ‘भीमा शक्ति’ जैसी प्याज की उन्नत किस्में (Improved Varieties of Onion) की भंडारण क्षमता सबसे अच्छी होती है।
प्याज की फसल कितने दिनों में तैयार हो जाती है?
किस्म के आधार पर प्याज की फसल 100 से 150 दिनों के भीतर तैयार हो जाती है।
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